अर्याल, त्रिभुवन

जगत, जीव र जीवन - स्याङ्जा त्रिपा'ज कम्प्युटर सेन्टर २०६९ - १५६पृ.

९७८९९३७२५०००९


जगत-जीवन-जीव; मानव-जीवन-दर्शन
दर्शन

१५८ / अ९७ज