पुरी, मंगलानन्द

प्राचीन भगवद्गीता : ७०० के स्थान में ७० श्लोक - इलाहाबाद मंगलानन्द पुरी १९२५ - 92 p.


Bhagavad Gita

२९४.५९२४ / पु९७३प्रा १९२५